Par Panel: ऑन-स्क्रीन मार्किंग और NEET विवाद पर संसदीय समित एक्शन में, अधिकारियों को बुलाया, जून में बैठक
CBSE: संसदीय समिति ने 2 जून को शिक्षा मंत्रालय और सीबीएसई अधिकारियों को तलब किया है। बैठक में कक्षा 12 की ऑन-स्क्रीन मूल्यांकन प्रणाली, रिजल्ट के बाद छात्रों को हुई परेशानियों और कक्षा 9-10 में त्रिभाषा फॉर्मूले के लागू होने पर चर्चा होगी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
CBSE: संसद की शिक्षा, महिला, बाल, युवा एवं खेल संबंधी स्थायी समिति ने कक्षा 12 के परीक्षा परिणाम के बाद छात्रों को हुई परेशानियों और ऑन-स्क्रीन मूल्यांकन प्रणाली की समीक्षा के लिए केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय और सीबीएसई के अधिकारियों को 2 जून को तलब किया है। यह जानकारी राज्यसभा सचिवालय की ओर से जारी नोटिस में दी गई है।
समिति कक्षा 9 और 10 में लागू किए जा रहे त्रिभाषा फॉर्मूले पर भी चर्चा करेगी। इस संसदीय समिति की अध्यक्षता कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह कर रहे हैं।
ऑन-स्क्रीन मूल्यांकन प्रणाली पर होगी समीक्षा
समिति ने स्कूल शिक्षा सचिव संजय कुमार और सीबीएसई अध्यक्ष राहुल सिंह को 2 जून की बैठक में शामिल होने के लिए बुलाया है। बैठक में कक्षा 12 की परीक्षाओं में ऑन-स्क्रीन मूल्यांकन प्रणाली के इस्तेमाल और उसके बाद छात्रों को हुई समस्याओं की समीक्षा की जाएगी।
हाल ही में कक्षा 12 के परिणाम के सत्यापन और पुनर्मूल्यांकन प्रक्रिया के दौरान तकनीकी गड़बड़ियों, भुगतान विफल होने और पोर्टल तक पहुंच में समस्या को लेकर सीबीएसई को छात्रों और अभिभावकों की नाराजगी का सामना करना पड़ा था।
कक्षा 9 में त्रिभाषा फॉर्मूले पर भी चर्चा
सीबीएसई ने 1 जुलाई से कक्षा 9 के छात्रों के लिए तीन भाषाओं का अध्ययन अनिवार्य करने का फैसला भी लिया है। इसके तहत कम से कम दो भारतीय भाषाओं को पढ़ना जरूरी होगा।
बोर्ड ने कहा है कि जब तक तीसरी भाषा की नई पाठ्यपुस्तकें उपलब्ध नहीं हो जातीं, तब तक छात्र चुनी गई भाषा की कक्षा 6 की पुस्तकों के 2026-27 संस्करण का उपयोग करेंगे। यह बदलाव राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 और स्कूल शिक्षा के राष्ट्रीय पाठ्यचर्या ढांचे 2023 के अनुरूप किया जा रहा है।
तमिलनाडु ने त्रिभाषा फॉर्मूले का विरोध किया है। राज्य सरकार का कहना है कि इससे गैर-हिंदी भाषी राज्यों पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा और क्षेत्रीय भाषाई पहचान कमजोर होगी। तमिलनाडु लंबे समय से तमिल और अंग्रेजी वाली द्विभाषा नीति का पालन करता आ रहा है।
1 जून को भी होगी संसदीय समिति की बैठक
राज्यसभा सचिवालय के नोटिस के अनुसार समिति 1 जून को भी बैठक करेगी। सुबह 10 बजे होने वाली बैठक में शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग से संबंधित अनुदान मांग रिपोर्ट पर सरकार द्वारा की गई कार्रवाई की समीक्षा की जाएगी।
इसके बाद सुबह 11 बजे समिति उच्च शिक्षा विभाग और स्वास्थ्य मंत्रालय के सचिवों, राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी के महानिदेशक, यूनाइटेड डॉक्टर्स फ्रंट के प्रतिनिधियों और भारतीय वायुसेना के पूर्व आर्थोपेडिक सर्जन डॉ. गुलशन गर्ग के साथ बैठक करेगी।
बैठक में लिखित परीक्षा और कंप्यूटर आधारित परीक्षा प्रणाली के बीच अंतर तथा राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा और राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी से जुड़े मुद्दों पर चर्चा होगी।
नीट-यूजी परीक्षा रद्द होने के मामले पर भी नजर
समिति इससे पहले 21 मई को राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी में सुधारों के क्रियान्वयन, नीट यूजी 2026 पेपर लीक मामले और राधाकृष्णन समिति की सिफारिशों की समीक्षा को लेकर बैठक कर चुकी है।
मेडिकल पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए आयोजित नीट-यूजी परीक्षा 3 मई को हुई थी। पेपर लीक के आरोपों के बाद राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी ने 12 मई को परीक्षा रद्द कर दी थी। मामले की जांच सीबीआई कर रही है और दोबारा परीक्षा 21 जून को आयोजित की जाएगी।